HeaderLarge

नवीनतम रचनाएं

6/recent/ticker-posts

एक एक दीप जलायेगे [कविता]- प्रिया देवांगन "प्रियू"

रचनाकाररचनाकार परिचय:-

प्रिया देवांगन "प्रियू"
गोपीबंद पारा पंडरिया
जिला -- कबीरधाम ( छ ग )
Email -- priyadewangan1997@gmail.com
एक एक दीप जलायेगे
*****************
चलो मनायें खुशियाँ साथियों,
 मिलकर दीप जलायेगे ।
हर घर में उजियारा लाकर ,
खुशियाँ साथ मनायेंगे ।
पढ़ लिखकर सब आगे बढे,
अज्ञानता को मिटायेंगे ।
हर हाथ को काम मिले ,
देश को आगे बढायेंगे ।
चमक उठे सबका किस्मत,
ऐसे दीप जलायेगे ।
दूर करें हम अंधकार को ,
सबको राह दिखायेंगे ।
भेद भाव को दूर करेंगे,
मन में कपट न लायेंगे ।
जब तक दूर न हो जाये अंधेरा,
एक एक दीप जलायेगे ।

रचना
प्रिया देवांगन "प्रियू"
पंडरिया (कवर्धा )
छत्तीसगढ़




टिप्पणी पोस्ट करें

0 टिप्पणियां

आइये कारवां बनायें...

~~~ साहित्य शिल्पी का पुस्तकालय निरंतर समृद्ध हो रहा है। इन्हें आप हमारी साईट से सीधे डाउनलोड कर के पढ सकते हैं ~~~~~~~

डाउनलोड करने के लिए चित्र पर क्लिक करें...